शिमला : हिमाचल प्रदेश में दो दिन हुई भारी बर्फबारी से जनजीवन बेहाल है। राजधानी शिमला में हुई भारी बर्फबारी के बाद शनिवार को जनजीवन पटरी पर नहीं लौट पाया है। शनिवार सुबह 9:00 बजे तक भी शहर में यातायात पूरी तरह से बंद है। नालागढ़ से शिमला की तरफ आने वाली सभी बसों को एहतियात के तौर पर टूटू से करीब आठ किलोमीटर पीछे ही रोक दिया गया है। सड़कों पर बर्फ जमी होने के कारण गाड़ियां फिसल रही हैं। इसी तरह कांगड़ा, मंडी, बिलासपुर व निचले हिमाचल को जाने वाली सभी बसों की आवाजाही बंद है।
सड़कों को खोलने के लिए प्रशासन ने जेसीबी मशीनें लगाई हुई हैं। लेकिन रात को कोहरा पड़ने के कारण सड़कों पर बर्फ जम गई है, जिसे साफ करने में अब दिक्कतें पेश आ रही हैं। क्योंकि यह बर्फ काफी ठोस हो गई है, जिससे वाहन स्किड करने का खतरा बहुत ज्यादा रहता है। ठोस बर्फ पर वाहन की ब्रेक नहीं लगती।
शिमला पुलिस ने एडवाइजरी जारी की है पुलिस का कहना है कि शहर में फिलहाल यातायात बंद है, कोई भी वाहन चालक गाड़ी चलाने में रिस्क न लें।
दूध व ब्रेड के लिए परेशान लोग
हिमपात के कारण रोजमर्रा की चीजें दूध व ब्रेड के लिए भी लोगों को परेशान होना पड़ा। शहर में गाडिय़ां न चलने से शुक्रवार को लोगों को कार्यालय पैदल ही पहुंचना पड़ा। भारी बर्फ को देखते हुए प्रशासन ने शनिवार की छुट्टी दे दी है। जिला प्रशासन ने मशीनें और मजदूरों को सभी संवेदनशील स्थानों पर तैनात किया है। उपायुक्त आदित्य नेगी ने कहा कि सभी सड़कों पर यातायात सामान्य करने का प्रयास किया जा रहा है।
बर्फ पर फिसली बस, चालक की सूझबूझ से टला हादसा
राजधानी शिमला में बर्फ जमने के बाद सड़क पर फिसलन बढ़ गई है। इससे वाहन चलाने मुश्किल हो रहे हैं। शुक्रवार को शिमला के उपनगर टुटू के साथ लगते ढेंढा में बर्फ पर एक निजी बस फिसल गई, लेकिन गनीमत रही चालक की सूझबूझ से हादसा टल गया। बस घणाहट्टी से शिमला की ओर जा रही थी। बस के अंदर कुछ सवारियां भी बैठी थीं। शनिवार को प्रशासन ने इसलिए एडवायजरी जारी की है। पुलिस ने लोगों से आग्रह किया है कि बर्फ पर वाहन चलाने का जोखिम न लें।
