शिमला : राजधानी में बरसात के मौसम में पानी का संकट खड़ा हो सकता है। सुन्नी में चाबा के नजदीक नौटीखड में पेयजल परियोजना का पम्प हाउस पर भूस्खलन के कारण बड़ी चट्टानें और मलबा गिरा है। इस वजह से पम्प हाउस में बड़े पैमाने पर नुकसान हुआ है। हादसे में एक व्यक्ति आंशिक रूप से घायल हुआ है।
शिमला जल प्रबंधन निगम (एसजेपीएन) के अधिकारियों के मुताबिक पम्प हाउस में हुए भूस्खलन से लगभग पांच करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। अहम बात यह है कि पम्प हाउस से पानी लिफ्ट नहीं हो पाएगा। इससे शहर व आसपास के क्षेत्रों में पानी की किल्लत खड़ी हो सकती है। 
बता दें कि चाबा परियोजना से शिमला शहर के लिए हर रोज 12 एमएलडी तक पानी की सप्लाई होती है। इसके अलावा शहर से सटे इलाकों में भी सप्लाई जाती है। ऐसे में परियोजनाओं में पंपिंग में खराबी के चलते पानी लिफ्ट न होने से शहर में पानी की किल्लत से लोगों को जूझना पड़ सकता है।
