शिमला : हिमाचल प्रदेश में सुबह भूकंप के झटके महसूस किए गए। शिमला सहित कई अन्य क्षेत्रों में भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं। इसके कारण किसी भी तरह का कोई नुकसान नहीं हुआ है। भूंकप शनिवार सुबह 3.15 बजे आया और इसका केंद्र उत्तरकाशी में जमीन से दस किलोमीटर नीचे था। रिक्टर पैमाने पर भूकंप की तीव्रता 3.60 मापी गई। अभी दस दिन पूर्व चंबा व कांगड़ा के शाहपुर सहित अन्य क्षेत्रों में भूकंप के झटके महसूस किए गए थे। हिमाचल प्रदेश भूकंप के लिए अति संवेदनशील है और इसे जाेन चार और पांच में रखा गया है। विशेषज्ञों के अनुसार लगातार भूकंप के झटके आने से बड़े झटकों की संभावना कम हो जाती है। इससे फायदा ही होता है।
क्यों आता है भूकंप
पूरी धरती 12 टैक्टोनिक प्लेटों पर स्थित है। ये प्लेटें 30 से 50 किलाेमीटर तक नीचे हैं। इसके नीचे तरल पदार्थ लावा है। ये प्लेटें इसी लावे पर तैर रही हैं। ये प्लेटें बेहद धीरे-धीरे घूमती रहती हैं। हर साल 4-5 मिमी अपने स्थान से खिसक जाती हैं। कोई प्लेट दूसरी प्लेट के निकट जाती है तो कोई दूर हो जाती है। ऐसे में कई बार ये आपस में टकरा भी जाती हैं और इनके टकराने से ऊर्जा निकलती है जिसे भूकंप कहते हैं। भूंकप का केंद्र वह स्थान होता है जिसके ठीक नीचे प्लेटों में हलचल से भूगर्भीय उर्जा निकलती है। इस स्थान पर भूकंप का कंपन ज्यादा होता है।
