शिमला | हिमाचल हाईकोर्ट ने सरकारी भूमि पर किए गए अतिक्रमण पर सख्त रुख अपनाते हुए पांच बीघा या इससे अधिक जमीन कब्जा जमाए लोगों को बेदखल करने के आदेश दिए हैं। खंडपीठ ने स्पष्ट किया है कि सरकारी भूमि पर 5 या 10 बीघा तक के अतिक्रमण को नियमित करने या उसे बरकरार रखने को न तो कोई नीति मौजूद है और न ही भविष्य में ऐसी कोई नीति बनाने का प्रस्ताव है। न्यायाधीश विवेक सिंह ठाकुर और न्यायाधीश बिपिन चंद्र नेगी की विशेष खंडपीठ ने जगजीवन राम सहित सभी अतिक्रमणकारियों को 15 जुलाई तक बेदखल करने के आदेश दिए हैं।
खंडपीठ ने मुख्य सचिव को आवश्यक निर्देश जारी करने करते हुए कहा कि जगजीवन राम जैसे अन्य अतिक्रमण करने वालों के खिलाफ बेदखली की कार्यवाही शुरू करें। अदालत ने यह भी स्पष्ट किया गया है कि राज्य को ऐसे सभी व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए उच्च न्यायालय से नए बेदखली आदेश या अंतरिम सुरक्षा को रद्द करने के लिए संपर्क करने की आवश्यकता नहीं है। सरकार कोर्ट के आदेशों की अनुपालना रिपोर्ट 21 जुलाई को पेश करेंगे।
