ये टीमे लोगों के घर-घर जाकर टीबी से संबंधित जानकारी लेगी और टीबी रोगियों का भी पता लगाएगी। लंबी खांसी और बलगम की शिकायत होने पर लोगों संबंधित स्वास्थ्य केंद्रों में जांच भी करवाएंगी। वहीं लोगों को भी स्वयं जांच करवाने के लिए भी जागरूक करेगी। जिला भर में ये अभियान आगामी दो अक्तूबर तक चलेगा।
प्रदेश को टीबी मुक्त करने के लिए सरकार ने 2024 का लक्ष्य रखा है। इस लक्ष्य को लेकर फिर स्वास्थ्य विभाग ने अभियान की शुरूआत की है। इसी के साथ एक्टिव केस की भी जानकारी ली जाएगी। इस अभियान को लेकर मोबाइल टीमों को भी फील्ड में तैनात किया है। मोबाइल टीम से दूरदराज के गांव में भी लोगों तक पहुंच बनाई जाएगी। विभाग के अनुसार कि अधिकतर क्षय रोगी ग्रामीण क्षेत्रों में पीड़ित होते हैं। इस बार महकमे ने ग्रामीण क्षेत्र में अधिकतर फोकस किया है।
वही जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. एके सिंह ने बताया कि जिले में टीबी उन्मूलन अभियान को लेकर टीम तैनात कर दी गई है। 611 टीमें जिले भर में कार्य करेगी। घर-घर जाकर लोगों को जागरूक किया जाएगा और जानकारी ली जाएगी। उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि वे इस अभियान में टीमों को सही जानकारी दें और लक्षण लगने पर तुरंत टीबी की जांच करवाएं।
