मंडी। हिमाचल में नीजि स्कूलों की लगातार हो रही फजीहत के बीच मंडी और चंबा के दो नीजि स्कूलों ने काबिल-ए-तारीफ वाला निर्णय लिया है। इन दोनों स्कूलों का संचालन कांगड़ा जिला के नगरोटा सूरियां निवासी पुरिंद्र राणा करते हैं। मंडी की कोटली तहसील के फागला गांव में गुरूकुल पब्लिक स्कूल और चंबा के सिहूंता उपमंडल के समोठ गांव में भारतीय पब्लिक स्कूल के नाम से नीजि स्कूलों का संचालन किया जा रहा है।
यह दोनों स्कूल ग्रामीण क्षेत्रों में मौजूद हैं और इनमें 550 बच्चे शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। पुरिंद्र राणा ने बताया कि उनके स्कूलों में अधिकतर ऐसे अभिभावकों के बच्चे हैं जो मजदूरी करके अपना गुजारा चलाते हैं। ऐसे में लॉक डाउन की स्थिति में इन पर कोई आर्थिक बोझ न पड़े, इसी उद्देश्य से दो महीनों की फीस माफ करने का निर्णय लिया गया है।
दो महीनों की फीस माफ करने और लॉक डाउन के दौरान सैलरी देने पर स्कूल प्रबंधन को साढ़े 10 लाख की राशि का अतिरिक्त खर्च वहन करना पड़ेगा, जिसे स्कूल प्रबंधन अपने स्तर पर करने जा रहा है।
